Monday, October 6, 2008

साज़ दिल का

किसी की आहट सुन के दिल ये मुस्कुरा दिया
उसके धड़कन के सुर में , मेरे सांसो में सुर मिला दिया
उसकी हलकी सी चुअन, इस मन को छु गई
वो मुस्कुराये को होठो में गीत कोई गा दिया

मैं छुप छुप के उनकी तस्वीरे देखती रही
आ कर सामने उसने साज दिल का बजा दिया
कहते रहे कुछ बात हम ख़ुद से ....
यु लगा जैसे कुछ सुन के वो मुस्कुरा दिया

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